देवास। प्रमुख औद्योगिक शहर देवास से देश के उत्तर-पूर्वी हिस्सों और बिहार-यूपी की ओर जाने वाले यात्रियों के लिए एक भी नियमित ट्रेन का संचालन न होना बड़ी समस्या बन गया है। इस वजह से यात्रियों को आवागमन में भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। तीज-त्योहारों से लेकर गर्मी की छुट्टियों तक इन रूटों पर यात्रा करने वाले लोगों को बेहद सीमित ट्रेनों के भरोसे ही रहना पड़ता है, जिससे हर साल त्योहारों के सीजन में हालात बिगड़ जाते हैं।
🎫 छठ पर्व और दीपावली की तैयारियों के बीच ट्रेनों में फुल हुई सीटें: स्लीपर श्रेणी में नो-रूम की स्थिति
आगामी दीपावली के तुरंत बाद 13 नवंबर से लोक आस्था के महापर्व छठ की शुरुआत होने जा रही है। ऐसे में अपने गृहग्राम और शहर जाने की तैयारी कर रहे प्रवासियों के लिए ट्रेनों में आरक्षण पाना असंभव सा हो गया है। स्थिति यह है कि कई प्रमुख ट्रेनों में स्लीपर श्रेणी की वेटिंग लिस्ट 125 के आंकड़े को पार कर चुकी है, जबकि अन्य श्रेणियों (थर्ड एसी और सेकंड एसी) में भी सीटों की उपलब्धता पूरी तरह शून्य हो चुकी है। कई ट्रेनों में तो अब वेटिंग टिकट मिलना भी बंद हो गया है, जिससे यात्रियों में भारी निराशा है।