विदिशा। 9वीं राष्ट्रीय बधिर टी-20 क्रिकेट चैंपियनशिप के लिए चुने गए विदिशा के प्रतिभाशाली खिलाड़ी आकाश विश्वकर्मा और विवेक बुधोलिया के पास इतनी भी आर्थिक व्यवस्था नहीं थी कि वे प्रतियोगिता में हिस्सा लेने श्रीनगर पहुंच सकें।
दोनों खिलाड़ियों ने अपनी इस लाचारी को लेकर जिला प्रशासन के साथ-साथ राज्य सरकार से मदद की गुहार लगाई थी, लेकिन कहीं से कोई ठोस आश्वासन या आर्थिक सहायता नहीं मिल सकी। इसके बाद जब प्रशासन से उम्मीद टूट गई, तो विदिशा के जागरूक नौजवानों और समाजसेवियों ने दोनों खिलाड़ियों को श्रीनगर भेजने तथा उनके संपूर्ण यात्रा व भोजन खर्च की जिम्मेदारी खुद उठाने का निर्णय लिया।
🤫 मूक-बधिर हैं पर मैदान पर गरजता है बल्ला: आर्थिक तंगी के बावजूद राष्ट्रीय टीम में बनाई जगह
विदिशा के ये दोनों प्रतिभावान क्रिकेटर सुन और बोल भले ही न सकते हों, लेकिन जब वे हाथ में बल्ला लेकर मैदान पर उतरते हैं, तो उनके शॉट्स का लोहा हर कोई मानता है।
तमाम अभावों और आर्थिक तंगी का सामना करते हुए भी दोनों खिलाड़ियों ने अपना अभ्यास जारी रखा और आखिरकार राष्ट्रीय स्तर पर मध्य प्रदेश का प्रतिनिधित्व करने का मौका हासिल किया। हालांकि, चयन के बाद उनके सामने श्रीनगर जाने का किराया और खाने-पीने का बड़ा संकट खड़ा हो गया। 22 सितंबर को आकाश और विवेक ने जिला कलेक्ट्रेट में आयोजित जनसुनवाई में पहुंचकर कलेक्टर के नाम ज्ञापन भी सौंपा था।
🏔️ 28 सितंबर से श्रीनगर में आयोजित होगी चैंपियनशिप: 16 सदस्यीय एमपी टीम में हुआ है चयन
दोनों मूक-बधिर खिलाड़ियों का चयन 9वीं बधिर टी-20 राष्ट्रीय क्रिकेट चैंपियनशिप के लिए घोषित 16 सदस्यीय मध्य प्रदेश टीम में हुआ है।
यह प्रतिष्ठित राष्ट्रीय प्रतियोगिता 28 सितंबर से 4 अक्टूबर तक श्रीनगर (जम्मू-कश्मीर) में आयोजित की जा रही है। जब दोनों खिलाड़ियों को सरकारी स्तर पर निराशा हाथ लगी, तो शहर के युवा सचिन सक्सेना ने सोशल मीडिया के माध्यम से मदद जुटाने की अनूठी मुहिम शुरू की। उन्होंने खिलाड़ियों के संघर्ष की कहानी इंटरनेट पर साझा की, जिसके बाद मदद करने वालों का तांता लग गया।
🌐 लंदन और दुबई से भी आए मदद के हाथ: महज 2 दिनों में जुटाए गए ₹29,000
सोशल मीडिया पर अपील पोस्ट होते ही देश ही नहीं, बल्कि विदेशों में रह रहे विदिशा के युवाओं ने भी सहयोग राशि भेजी।
लंदन और दुबई में रह रहे विदिशा के हर्षित त्रिपाठी और हर्ष राठी के अलावा स्थानीय समाजसेवियों नवीन कोठारी, मनोज कटारे, नितिन सोहित, रामकिशोर विश्वकर्मा और कुरवाई के किसान निरंजन दांगी सहित कई लोगों ने खुलकर आर्थिक मदद की। इस मुहिम के तहत महज 48 घंटे के भीतर करीब ₹29,000 की राशि एकत्र हो गई। इसमें से ₹12,000 खिलाड़ियों के बैंक खातों में ट्रांसफर किए गए, जबकि ₹17,000 की नकद राशि गुरुवार को दोनों खिलाड़ियों को सौंप दी गई।
🤝 समाजसेवियों ने पूरे किए राष्ट्रीय चैंपियनशिप के सपने: अब श्रीनगर के लिए रवाना होंगे खिलाड़ी
सोशल मीडिया के जरिए इस मुहिम का नेतृत्व करने वाले समाजसेवी सचिन सक्सेना ने बताया, “विदिशा के दो होनहार मूक-बधिर खिलाड़ियों का चयन जम्मू-कश्मीर में होने वाली राष्ट्रीय T20 प्रतियोगिता के लिए हुआ था।
संसाधनों की कमी के कारण वे जाने में असमर्थ थे। मामला संज्ञान में आने पर शहरवासियों, स्थानीय व्यवसायियों और लंदन-दुबई में रह रहे युवाओं की मदद से ₹29,000 की राशि जुटाई गई। अब सभी आर्थिक अड़चनें दूर होने के बाद दोनों खिलाड़ी पूरे उत्साह के साथ श्रीनगर के लिए रवाना होंगे और राष्ट्रीय स्तर पर मध्य प्रदेश का नाम रोशन करेंगे।”