आरोपी की जल्द ही गिरफ्तारी हेतु पुलिस अधीक्षक ने घोषित किया था 10000 रु का ईनाम*
*घटना विवरणः-* दिनांक 26.07.2024 को जिला मुख्यालय से लगभग 03 कि0मी0 दुर बेरछा रोड सापंखेडा नहर के रास्ते पर चीलर डेम के पास एक व्यक्ति का अबरार पिता सरदार खां उम्र 35 साल निवासी मनिहारवाडी शव मिला था। जिसके गले पर चोट के निशान पाये जाने से जिसकी हत्या धारदार हथियार से होना प्रतीत हूयी थी। जिस पर थाना कोतवाली में मर्ग देहाती नालसी क्रमांक 0/24 धारा 194 भा.ना.सु.सं पर असल मर्ग क्रमांक 37/2024 धारा 194 भा.ना.सु.स मे मृतक अबरार खान पिता सरदार खाँ उम्र 35 साल निवासी मनिहारवाडी शाजापुर की मर्ग जांच प्रारम्भिक कार्यवाही की गयी। पीएम रिपोर्ट में चिकित्सक द्वारा cardiopulmonary arrest due to Hemorrhgic shockd injuri c sharp object होना लेख करने से मामला धारा 103 (1).238 भारतीय न्याय संहिता का पाया जाने से अपराध पंजीयद्ध कर विवेचना में लिया गया।
पुलिस अधीक्षक शाजापुर श्री यशपाल सिंह राजपुत द्वारा उक्त घटना में जल्द ही आरोपीयों की गिरफ्तारी हेतु 10000 रु का ईनाम देने की घोषणा की गयी ।
घटना की गंभीरता को देखते हुये पुलिस अधीक्षक शाजापुर श्री यशपाल सिंह राजपुत एडिशनल एसपी टीएस बघेल के निर्देशन मे अलग-अलग टीम का गठन कर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री टी0एस0 बघेल के नेतृत्व मे रवाना किया गया। जिस पर पुलिस टीम द्वारा त्वरित कार्यवाही करते हुये आरोपी को गिरफ्तार किया।
हत्या का खुलासाः- मृतक अबरार पिता सरदार खां उम्र 35 साल निवासी मनिहारवाडी के मोबाइल का काॅल रिकार्ड निकालने पर अंतिम 10-12 काॅल की तस्दीक करने पर सभी के द्वारा उधार के पैसे लेने-देने की बात कही। जिसमें एक व्यक्ति आशिक पिता अजीज खां निवासी लालपुरा पर पुलिस को शक हुआ। मृतक अबरार की लास्ट लोकेशन के आधार पर शहर में लगे सीसीटीवी कैमरे को चेक किया गया तो पता चला कि मृतक अबरार अपनी पल्सर बाईक से एक व्यक्ति के साथ महुपुरा टंकी चैराहा होते हुये बेरछाा रोड मनोरमा गार्डन की तरफ जाते हुये दिखायी दिया। मृतक अबरार के पीछे बैठे व्यक्ति की पहचान निकालने पर उक्त व्यक्ति आशिक पिता अजीज खां उम्र 35 साल निवासी लालपुरा के रुप में हुयी। जिसे पुलिस द्वारा अभिरक्षा में लेकर पूछताछ करने पर उक्त व्यक्ति द्वारा मनोरमा गार्डन के बाद ही अबरार की गाडी से उतर जाना बताया। घटना के बाद आरोपी आशिक करीबन 30 मिनट बाद मनोरमा गार्डन स्थित कैमंरे पर पैदल आता दिखायी दिया। आरोपी के कपडो पर लगे खून के धब्बे स्पष्ठ दिखायी दे रहे थे। जिसके आधार पर पुलिस द्वारा सख्ती से पुछताछ करने पर आरोपी आशिक पिता अजीज खां ने अपना जुर्म (हत्या करना ) कबुल किया।
*हत्या का कारण:-* मृतक अबरार के ब्याज का पैसा डायरी के माध्यम से आरोपी आशिक के द्वारा लेन-देन में चलाता था। मृतक अबरार व आरोपी आशिक पिछले 2-3 सालों से यह कार्य करतें थे। यह दोनो आपस में घनिष्ठ मित्र थें। ब्याज के पैसे की किस्त लेने मृतक अबरार आरापी आशिक के घर बिना बताये आ जाया करता था। यह बात आरोपी आशिक को अच्छी नही लगती थी। इस संबध में पूर्व में भी आरोपी आशिक ने मृतक अबरार को समझाया भी था। किन्तु मृतक अबरार ने आरोपी आशिक के घर आना-जाना नही छोडा। घटना दिनांक को भी मृतक आरापी के घर सांपखेडा में कोई उधार की डायरी देने की बात का बहाना बनाकर करीब शाम 07.30 बजे आरोपी आशिक के घर पहुंचा। आरोपी ने मोका देखकर उसके घर से चाकू निकालकर अपने साथ रखा और हत्या करने का मन बना लिया। जिसके बाद बेरछा रोड स्थित सापंखेडा नहर के रास्ते पर जाते समय अंधेरे का लाभ उठाकर मृतक अबरार के गाडी चलाने पर व्यस्थ रहने का लाभ उठाकर साथ में लाये चाकू से चलती गाडी पर अबरार का गला काट दिया। जिससे मृतक गाडी से गिर गया आरोपी द्वारा उसे पास ही झाडियों में जाकर फेंक दिया जहा अत्यधिक रक्त स़्त्राव होने से अबरार की मृत्यु हो गयी।
*आरोपी आशिक को हत्या से होेने वाला लाभ:-* आरोपी आशिक मृतक के उधारी के पैसे का लेन-देन देखता था। जो कि 6-7 लाख रुपयै आरोपी के माध्यम से ही बांटे गये थे। हत्या के बाद आरोपी आशिक सभी पैसे को वसूल कर अपने पास ही रखना चाहता था।