अडाणी मामले को लेकर सत्ता पक्ष और विपक्ष एक दूसरे पर वार करता रहता है। एक ओर जहां कांग्रेस अडानी समूह को लेकर पीएम की चुप्पी पर निशाना साध रही थी। वहीं अब असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने राहुल गांधी को एनसीपी प्रमुख शरद पवार के खिलाफ ट्वीट करने की चुनौती दी है। असम के मुख्यमंत्री ने एक कार्यक्रम के दौरान शरद पवार और गौतम अडानी के बीच हुई मुलाकात के बात यह मांग की है।
‘क्या राहुल गांधी में हिम्मत है…’
असम के सीएम सरमा ने एक टीवी चैनल को दिए इंटरव्यू में कहा, “राहुल गांधी ने ट्वीट किया कि हम अदाणी के दोस्त हैं। मैं उन्हें जानता भी नहीं हूं। पूर्वोत्तर के लोगों को अदाणी, अंबानी, टाटा तक पहुंचने में थोड़ा समय लगेगा। जो भी हो… हम वहां पहुंचने की कोशिश कर रहे हैं। लेकिन, क्या राहुल गांधी में हिम्मत है।” मैं चुनौती देता हूं, शरद पवार के खिलाफ ट्वीट करने के लिए? यह पूछने के लिए कि अदाणी के साथ पवारजी का क्या संबंध है? तो यह सुविधा की राजनीति है।”
पवार और अडानी की बैठक पर क्यों नहीं बोलते राहुल गांधी
हिमंत बिस्वा सरमा ने कहा राहुल गांधी बीजेपी और अडानी पर आए दिन कुछ न कुछ ट्वीट करते हैं, लेकिन जब गौतम अडानी शरद पवार के घर जाते हैं और दो से तीन घंटे बिताते हैं, क्यों राहुल रोज लोगों को गुमराह करते हैं। मुझे शरद पवार के अडानी जी से मिलने में कोई समस्या नहीं है।
राहुल गांधी ने हाल ही के एक ट्वीट में हिमंत बिस्वा सरमा, गुलाम नबी आजाद सहित कुछ पूर्व कांग्रेसियों के नाम का जिक्र किया और उन्हें अदाणी से जोड़ते हुए लिखा, “वे सच्चाई छिपाते हैं, इसलिए वे हर रोज गुमराह करते हैं।” हिमंत बिस्वा सरमा ने ट्वीट के लिए राहुल गांधी के खिलाफ मानहानि का मुकदमा करने की चेतावनी दी।
अडानी की शरद पवार के साथ बैठक
उद्योगपति गौतम अडानी ने 20 अप्रैल को मुंबई में राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (राकांपा) के प्रमुख शरद पवार से मुलाकात की थी। अडानी की पवार से यह मुलाकात मुंबई में उनके आवास पर हुई। सूत्रों ने कहा कि मुलाकात सुबह दक्षिण मुंबई में स्थित पवार के आवास ‘सिल्वर ओक’ में हुई, जो लगभग दो घंटे तक चली। पवार ने इस महीने की शुरुआत में अडाणी समूह का बचाव किया था और उसके बारे में हिंडनबर्ग रिसर्च की रिपोर्ट की आलोचना की थी।