बेहतर काम का मिला प्रतिफल,शाजापुर पुलिस के प्रधान आरक्षक का उज्जैन में हुआ सम्मान,

क्राइम कंट्रोल एंड रिसर्च ऑर्गनाइजेशन द्वारा उत्कृष्ट कार्य के लिए प्रधान आरक्षक थाना अवंतीपुर बड़ोदिया प्रदीप सिंह सिकरवार को उज्जैन में सम्मानित किया गया।
उज्जैन में इस इस कार्यक्रम के अवसर पर मुख्य अतिथि *एडिशनल एसपी श्री अभिषेक आनंद , विशेस अतिथि, क्राइम कंट्रोल गवर्नमेंट ऑफ इंडिया के प्रेसिडेंट प्रदीप डोबरियाल ,वाइस प्रेसिडेंट प्रशांत डोबरियाल एवं स्टेट प्रेसिडेंट ऑफिसर अविनाश शर्मा आदि उपस्थित हुए।

कार्यक्रम में सिकरवार को
उज्जैन संभाग, ड्रिस्टिक शाजापुर का क्राइम कंट्रोल बोर्ड गवर्नमेंट ऑफ इंडिया में ( डी.पी.ओ.) डिस्ट्रिक्ट प्रेसिडेंट ऑफिसर बनने के साथ नया दायित्व मिला है।

आपको बता दें प्रदीप सिकरवार ने कोतवाली थाने पर रहकर सूचना संकलन के क्षेत्र में बेहतर काम करते हुए कानून व्यवस्था मजबूती में भी बड़ा योगदान दिया था वर्तमान में प्रदीप सिकरवार की सेवाएं थाना अवंतीपुर बड़ोदिया में प्रधान आरक्षक के रूप में संपादित हो रही है

मालवा अभीतक की ताजा खबर सीधे पाने के लिए : 
ताज़ा ख़बर पाने के लिए एंड्राइड एप्लीकेशन इनस्टॉल करें :

पीएम मोदी ने देशवासियों को दी दिवाली की शुभकामनाएं, इस साल भी जवानों के साथ मनाएंगे पावन पर्व     |     भारत में बाल विवाह के आंकड़ों में आई गिरावट, फिर भी पश्चिम बंगाल और बिहार में स्थिति गंभीर— जानें रिपोर्ट     |     ब्रेकअप के बाद एक्स गर्लफ्रेंड की हर हरकत जानने के लिए पुलिस विभाग में डाली 97 आरटीआई, हैरान करने वाला मामला     |     कर्नाटक के बेलगावी में सनसनीखेज वारदात, एसएसबी जवान प्रेमी ने 23 वर्षीय युवती की गला घोंटकर की हत्या     |     कटिहार में चर्चित शाहरुल अपहरण और हत्याकांड मामला, अदालत ने 6 दोषियों को सुनाई उम्रकैद की सजा     |     कोलकाता में तृणमूल नेता अभिषेक बनर्जी के घर के बाहर भारी हंगामा, ममता बनर्जी ने पुलिस कमिश्नर से मांगा इस्तीफा     |     भदोही में ऑनर किलिंग का सनसनीखेज मामला, दो भाइयों ने की 12वीं की छात्र बहन की गला घोंटकर हत्या     |     न्यूजीलैंड के खिलाफ दूसरे वनडे में बाल-बाल बची टीम इंडिया, बारिश और DLS नियम के सहारे 4 रन से जीता मुकाबला     |     दिवाली 2026 पर घर लाएं सही लक्ष्मी-गणेश की मूर्ति, जानें खरीदने और स्थापना के जरूरी नियम     |     सोनिया गांधी का बड़ा खुलासा, बाबरी ढांचा गिरते देख रो पड़ी थीं— इंदिरा गांधी की इमरजेंसी को माना गलती     |