JPSC सिविल सेवा प्रीलिम्स 2025 में कथित धांधली मामला: सुप्रीम कोर्ट ने केंद्र और झारखंड सरकार को भेजा नोटिस

नई दिल्ली: सुप्रीम कोर्ट ने झारखंड पब्लिक सर्विस कमीशन (JPSC) की कंबाइंड सिविल सर्विसेज प्रीलिमिनरी परीक्षा-2025 में कथित व्यापक गड़बड़ी और भ्रष्टाचार की स्वतंत्र केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) जांच की मांग वाली याचिका पर सुनवाई की।

मुख्य न्यायाधीश जस्टिस सूर्यकांत, जस्टिस जयमाला बागची और जस्टिस वी. मोहना की तीन सदस्यीय विशेष पीठ ने मामले की गंभीरता को देखते हुए केंद्र सरकार, झारखंड सरकार और झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) सहित अन्य संबंधित पक्षों को औपचारिक नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है।

🏛️ ‘महीनों से धरने पर हैं छात्र’: वरिष्ठ अधिवक्ता मनन कुमार मिश्रा ने कोर्ट में रखी दलीलें

याचिकाकर्ता पक्ष की प्रमुख दलीलें:

  • छात्रों का व्यापक आंदोलन: याचिकाकर्ता की ओर से पेश हुए वरिष्ठ अधिवक्ता मनन कुमार मिश्रा ने अदालत को बताया कि भर्ती परीक्षा में हुई कथित धांधली और अनियमितताओं के खिलाफ हजारों अभ्यर्थी एक महीने से अधिक समय से सड़कों पर विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं।

  • हाईकोर्ट के स्टे पर सवाल: उन्होंने तर्क दिया कि छात्र आंदोलन के बाद राज्य सरकार ने परीक्षा रद्द करने का फैसला लिया था, लेकिन हाईकोर्ट द्वारा इस आदेश पर तुरंत अंतरिम रोक लगा दिए जाने से विधिक गतिरोध बन गया है।

  • निष्पक्ष जांच की दरकार: मिश्रा ने पीठ से पुरजोर आग्रह किया कि मामले की निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए इसकी जांच या तो सीबीआई को सौंपी जाए या फिर सुप्रीम कोर्ट के किसी सेवानिवृत्त न्यायाधीश की निगरानी में कराई जाए।

📁 अनुच्छेद 32 के तहत जनहित याचिका: डिजिटल साक्ष्य और OMR शीट सुरक्षित करने की मांग

याचिका का ब्योरा और साक्ष्यों का संरक्षण:

  • जनहित याचिका (PIL): यह याचिका सामाजिक कार्यकर्ता हरिशरण देवगन की ओर से अधिवक्ता सत्यम सिंह राजपूत के माध्यम से संविधान के अनुच्छेद 32 के तहत दाखिल की गई है।

  • परीक्षा की विश्वसनीयता पर सवाल: याचिका में 19 अप्रैल 2026 को आयोजित संयुक्त असैनिक सेवा प्रारंभिक प्रतियोगी परीक्षा (विज्ञापन संख्या 01/2026) की शुचिता, निष्पक्षता और पारदर्शिता पर गंभीर प्रश्न उठाए गए हैं।

  • साक्ष्यों से छेड़छाड़ रोकने की गुहार: याचिकाकर्ताओं ने मांग की है कि जांच पूरी होने तक मूल OMR शीट, कार्बन कॉपियां, परीक्षा केंद्रों के सीसीटीवी (CCTV) फुटेज और सर्वर ऑडिट लॉग जैसे संवेदनशील डिजिटल साक्ष्यों को तत्काल सील कर सुरक्षित रखा जाए।

📢 राज्य में जेपीएससी व जेएसएससी परीक्षाओं को लेकर लंबे समय से विवाद

झारखंड में भर्ती परीक्षाओं की पृष्ठभूमि:

  • पारदर्शिता का अभाव: झारखंड में जेपीएससी और जेएसएससी द्वारा आयोजित विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं में लगातार पेपर लीक और कथित अनियमितताओं को लेकर अभ्यर्थी आंदोलनरत रहे हैं।

  • पूर्व में रद्द हुई थीं परीक्षाएं: छात्रों के भारी दबाव और प्रारंभिक जांच रिपोर्टों के बाद राज्य सरकार ने पूर्व में JPSC की 11वीं से 13वीं संयुक्त सिविल सेवा परीक्षाओं समेत कई नियुक्तियों को रद्द करने का निर्णय लिया था।

  • सरकार के जवाब पर टिकी निगाहें: सुप्रीम कोर्ट द्वारा नोटिस जारी किए जाने के बाद अब केंद्र, राज्य सरकार और आयोग के जवाब पर सभी की निगाहें हैं, जिसके आधार पर शीर्ष अदालत तय करेगी कि मामले में स्वतंत्र जांच एजेंसी का हस्तक्षेप आवश्यक है या नहीं।

मालवा अभीतक की ताजा खबर सीधे पाने के लिए : 
ताज़ा ख़बर पाने के लिए एंड्राइड एप्लीकेशन इनस्टॉल करें :

पूर्व उप प्रधानमंत्री लाल कृष्ण आडवाणी के 100वें जन्मदिन पर पीएम मोदी ने लिखा खास लेख, देश के लिए दिए योगदान को किया याद     |     दिल्ली में एकतरफा प्यार और प्रताड़ना का खौफनाक अंत, पेट्रोल छिड़ककर की खुदकुशी— पुलिस जांच में जुटी     |     पालतू कुत्ते और पार्किंग के विवाद ने ली जान, टेक कंपनी के पूर्व अधिकारी पर ताबड़तोड़ गोलियां बरसाईं     |     बालिचंद्रपुर में दर्दनाक अग्निकांड, एलपीजी गैस से खाना बनाते वक्त हुआ हादसा— एक झुलसा     |     यूपी-उत्तराखंड में सक्रिय अवैध ड्रग्स सिंडिकेट का भंडाफोड़, मुरादाबाद पुलिस ने 2000 कोडीन सिरप की बोतलों के साथ सरगना को दबोचा     |     सेवा का कभी प्रदर्शन नहीं होना चाहिए, निस्वार्थ भाव से किया गया कार्य ही सच्चा धर्म है— मोहन भागवत     |     दीपावली 2026 पर अपनों को भेजें ये खूबसूरत शुभकामनाएं और संदेश, इन प्यारे कोट्स से बनाएं त्योहार को खास     |     देश भर में दिवाली पर कैसा रहेगा मौसम? दिल्ली में प्रदूषण और दक्षिण भारत में भारी बारिश का अनुमान— IMD की ताजा रिपोर्ट     |     इजराइल की राजनीति में बड़ा उलटफेर, राष्ट्रपति इसाक हर्जोग ने विपक्षी नेता आइसेनकोट को सौंपा सरकार बनाने का मौका     |     द्वादश ज्योतिर्लिंगों में से एक विश्व प्रसिद्ध श्री महाकालेश्वर मंदिर में मनाया गया दीपावली का पावन पर्व, अनूठी परंपराओं और राजसी वैभव के साथ हुई शुरुआत     |