आज यानी 22 सितंबर को शारदीय नवरात्र की शुरुआत हो रही है. इस अवसर पर मध्यप्रदेश के पावन धाम मां शारदा देवी मैहर में हर साल की तरह इस बार भी लाखों श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है. देशभर से भक्त मां शारदा देवी के दरबार में आकर अपनी मनोकामनाएं पूरी करने का आशीर्वाद मांगते हैं. भारी भीड़ को देखते हुए प्रशासन पूरी तरह से मुस्तैद है और सुरक्षा-व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम किए गए है. इसके साथ ही प्रशासन ने VIP दर्शन प्रणाली पर भी रोक लगा दी है.
नवरात्रि पर्व को लेकर प्रशासन ने कई बड़े निर्णय लिए है. प्रशासन ने 22 सितंबर से 2 अक्टूबर नवरात्रि के समापन तक नगर क्षेत्र में मांस, मछली और अंडे के विक्रय पर प्रतिबंध लगाया है. मैहर को मां शारदा की नगरी और धार्मिक आस्था का प्रमुख केंद्र माना जाता है. नवरात्रि पर लाखों श्रद्धालु यहां दर्शन करने आते हैं. इस दौरान किसी कि धार्मिक भावनाएं आहत न हो, इसके लिए प्रशासन ने मांसाहार की बिक्री पर पूर्ण रोक लगाने का आदेश दिया गया है.
सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम
प्रशासन ने लाखों श्रद्धालुओं की भीड़ को नियंत्रित करने और व्यवस्था बनाए रखने के लिए कई विशेष कदम उठाया है. प्रशासन ने व्यवस्था बनाए रखने के लिए 500 से अधिक पुलिस बल की तैनाती की है. मंदिर और मेला क्षेत्र में पूरे मार्ग से लेकर गर्भगृह तक सैकड़ों CCTV कैमरों लगाए गए हैं.
इसके साथ ही ड्रोन से भी निगरानी की जाएगी. साथ ही जगह-जगह पर कंट्रोल पैनल बनाए गए है, जिससे कि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार को कोई परेशानी का सामना ना करना पड़े. इसके साथ ही प्रशासन ने VIP दर्शन प्रणाली पर भी रोक लगा दी गई है.
मंदिर तक कैसे पहुंचे?
श्रद्धालु मंदिर तक पहुंचने के लिए 1080 सीढ़ियों से होकर मां के दरबार तक पहुंच सकतें हैं. इसके अलावा रोपवे के माध्यम से भी श्रद्धालु मंदिर तक पहुंच सकते हैं. रोपवे से आने-जाने का किराया लगभग 170 रुपए है. प्रशासन ने मंदिर क्षेत्र में वाहनों पर प्रतिबंध लगा दिया है. भक्तों को मंदिर तक पहुंचाने के लिए केवल ई-रिक्शा की व्यवस्था की गई है.