गरीबो को बांटने वाला सरकारी चावल किया अधिकारियों ने जप्त.. भंडारण कर रखा पीडीएस का 150 क्विंटल से अधिक चावल किया जब्त,,, चावल मालिक नही आया तो दरवाजे का ताला तोड़कर बनाया पंचनामा,,
देवास,,
इन दिनों पूरे देवास शहर सहित जिले में सरकारी राशन की कालाबाजारी की खबरें आ रही , बीते दिनों भी सोनकच्छ में सोनकच्छ एसडीएम ने कार्रवाई करते हुए बड़ी मात्रा में सरकारी चावल पकड़ा था और अब फिर से सोनकच्छ क्षेत्र में लगातार पीडीएस चावल की कालाबाजारी का एक और मामला सामने आया है । इस कालाबाजारी की इसकी शिकायत लगातार देवास कलेक्टर ऋषव गुप्ता को मिल रही थी। कलेक्टर ने मामले को गंभीरता से लेते हुए खाद्य अधिकारी को इस अवैध कार्य को रोकने के निर्देश के साथ कार्रवाई के लिए फ्री हैंड कर दिया था । जिसके बाद सोनकच्छ के घट्टिया भाना रोड़ पर एक ईंट बनाने वाले गोदाम पर छापेमार कार्रवाई की। हालांकि भट्टे का ताला लगा होने से खाद्य अधिकारी धर्मेंद्र वर्मा को चावल मालिक का 2 घंटे तक इंतजार करना पड़ा । जब काफी समय बीत गया तो वर्मा ने पटवारी के समक्ष उक्त फैक्ट्री में लगे ताले को तोड़कर फैक्ट्री में दाखिल हुए। जहां खुले आसमान के नीचे करीब 200 से 300 बोरी पीडीएस चावल अवैध रूप से रखा हुआ था। अधिकारी वर्मा ने उक्त गोदाम के बारे में जानकारी निकाली तो यह गोदाम उत्तमसिंह ठाकुर का पाया गया। उनसे जब पूछताछ की तो उन्होंने बताया कि यह गोदाम मेरा है, लेकिन जो चावल है उसका मालिक में नही हुं। तब ठाकुर ने पंचनामा बनाने के दौरान बताया कि, प्रतापसिंह पिता शेरसिंह निवासी जेल रोड़ सांवेर ने मुझसे मौखिक वार्तालाप करते हुए कहा कि गोदाम किराए पर लेना है, मैंने उन्हे किराए पर दे दिया। हालांकि किराए की कोई भी लिखा पढ़ी मेरे द्वारा नही की। उन्होंने कब ये चावल रख दिए मुझे इस बारे में जानकारी नही है। उक्त बात अधिकारी ने अपने पंचनामें में दर्ज कर ली है। इधर छापेमार कार्रवाई के दौरान अवैध रूप से 10 गैस की सिलेंडर भी मिले है। जिसमें से 4 गैस सिलेंडर जो कि सीलबंद थे। ये सिलेंडर इण्डेन, एचपी व भारत गैस की पाई गई है। जो कि नियमानुसार यहां नही रखी हुई थी। जिसे भी जब्त किया गया है। इधर गैस सिलेंडर जब्त होने के बाद अधिकारी वर्मा को सिलेंडर मालिक ने जब्त न करने को लेकर कांग्रेस -भाजपा के नेताओं से भी बात कराई। लेकिन अधिकारी वर्मा ने नियमों का हवाला देकर सिलेंडर भी जब्त कर लिए है। वर्मा ने बताया कि, 200 से 300 बोरियां पीडीएस चावल की पाई गई है। पीडीएस चावल का अवैध रूप से भंडारण कर रखा था। जिसे जब्त कर पंचनामा बनाया है। आवश्यक वस्तु अधिनियम का प्रकरण बनाकर कलेक्टर को रिपोर्ट सौंपी जाएगी। जिसके बाद आगामी कार्रवाई कलेक्टर द्वारा की जाएगी। उधर बताया जा रहा है कि, उक्त फैक्ट्री में पार्टी के दौरान चावल मालिक व अन्य व्यक्ति का विवाद हो गया था। जिस व्यक्ति से विवाद हुआ उसने उक्त कालाबाजारी की जानकारी अन्य व्यक्तियों को बताई। यह बात अधिकारियों तक पहुंची व गुरुवार को अधिकारियों ने छापेमार कार्रवाई कर दी।